उत्तराखंड में लगातार हो रही भारी बारिश ने हालात गंभीर बना दिए हैं। प्रदेश की कई प्रमुख नदियों का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है, जिससे प्रशासन ने कई इलाकों में अलर्ट जारी कर दिया है। अलकनंदा, मंदाकिनी और भागीरथी जैसी नदियां खतरे के निशान के आसपास या उससे ऊपर बह रही हैं, जबकि नदी किनारे रहने वाले लोगों से सतर्क रहने और सुरक्षित स्थानों पर जाने की अपील की गई है। रुद्रप्रयाग में अलकनंदा और मंदाकिनी नदियों का जलस्तर लगातार बढ़ने से प्रशासन ने आपदा प्रबंधन टीमों को पूरी तरह तैयार रहने के निर्देश दिए हैं। वहीं देवप्रयाग और हरिद्वार क्षेत्र में भी नदियों के बढ़ते जलस्तर पर लगातार नजर रखी जा रही है।

बारिश के चलते चमोली जिले में हेलंग के पास बदरीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग मलबा आने से बंद हो गया है। इसके अलावा उत्तरकाशी जिले में गंगोत्री और यमुनोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग भी कई स्थानों पर भूस्खलन और पत्थर गिरने के कारण बाधित हैं। सड़कें बंद होने से यात्रियों और स्थानीय लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हालात की समीक्षा करते हुए सभी संबंधित विभागों और राहत एजेंसियों को हाई अलर्ट पर रहने के निर्देश दिए हैं। मौसम विभाग ने देहरादून, चमोली और बागेश्वर जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया है, जबकि राज्य के अन्य जिलों में येलो अलर्ट लागू है।
प्रशासन ने प्रदेशवासियों और चारधाम यात्रा पर आए श्रद्धालुओं से अपील की है कि मौसम सामान्य होने तक अनावश्यक यात्रा से बचें और सफर शुरू करने से पहले मौसम व सड़क मार्ग की ताजा जानकारी जरूर लें। छात्रों की सुरक्षा को देखते हुए देहरादून, चमोली और बागेश्वर जिलों में कक्षा 12 तक के सभी स्कूलों में अवकाश घोषित किया गया है।



