पंजाब में ‘मुख्यमंत्री सेहत योजना’ के तहत कैशलेस स्वास्थ्य सुविधा के कारण मानसिक स्वास्थ्य संबंधी बीमारियों का इलाज कराने वाले मरीजों की संख्या बढ़ी है। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री डॉ. बलबीर सिंह ने बताया कि योजना का उद्देश्य इलाज में आर्थिक बाधाओं को कम कर समय पर उपचार सुनिश्चित करना है।
उन्होंने कहा कि योजना में सिज़ोफ्रेनिया, डिप्रेशन, बाइपोलर डिसऑर्डर, एंग्जाइटी, तनाव और नशाखोरी से जुड़ी मानसिक बीमारियों का इलाज शामिल है। सरकारी अस्पतालों में ईसीटी (ECT), टीएमएस (TMS) और अन्य आवश्यक जांच सुविधाएं भी इस पैकेज में कवर हैं।
डॉ. बलबीर सिंह ने कहा कि मानसिक स्वास्थ्य को शारीरिक स्वास्थ्य के बराबर महत्व देना जरूरी है और लोगों को शुरुआती लक्षणों पर तुरंत विशेषज्ञ सहायता लेनी चाहिए।
राज्य स्वास्थ्य एजेंसी के अनुसार, योजना के तहत अब तक 457 लाभार्थी मानसिक स्वास्थ्य पैकेज के अंतर्गत इलाज करा चुके हैं और लगभग 55 लाख रुपये के दावों का निपटारा किया जा चुका है। योजना में कुल 2300 प्रक्रियाओं में से 81 प्रक्रियाएं मानसिक स्वास्थ्य से संबंधित हैं।



