पटियाला: पंजाब सरकार ने कन्या भ्रूण हत्या और अवैध लिंग जांच के खिलाफ अपनी ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति के तहत बड़ी कार्रवाई करते हुए पीसीपीएनडीटी (PCPNDT) एक्ट के उल्लंघन के मामले में दो लोगों को नामजद किया है। इस संबंध में पटियाला में एफआईआर दर्ज कर पुलिस द्वारा गहन जांच की जा रही है। यह जानकारी पंजाब के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री डॉ. बलबीर सिंह ने जिला प्रशासनिक परिसर, पटियाला में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान दी। इस अवसर पर पटियाला के डिप्टी कमिश्नर डॉ. हिमांशु अग्रवाल, एसपी सिटी पलविंदर चीमा और सिविल सर्जन डॉ. शैली जेटली भी उपस्थित रहे।
स्वास्थ्य मंत्री ने बताया कि 12 जून 2026 को मिली गुप्त सूचना के आधार पर जिला सक्षम प्राधिकारी-सह-सिविल सर्जन, पटियाला की अगुवाई में पीसीपीएनडीटी टीम ने पुलिस के सहयोग से एक डिकोय ऑपरेशन चलाया। कार्रवाई के दौरान पीसीपीएनडीटी एक्ट के उल्लंघन से जुड़े प्राथमिक सबूत बरामद हुए और मौके से एक पोर्टेबल अल्ट्रासाउंड मशीन सहित अन्य सामग्री जब्त की गई। उन्होंने बताया कि इस मामले में पटियाला जिले के चौड़ा गांव की निवासी मीना रानी और सवाजपुर निवासी जरनैल सिंह को आरोपी बनाया गया है। मामले की जांच जारी है और दोषियों के खिलाफ कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।
डॉ. बलबीर सिंह ने इस सफल अभियान के लिए जिला प्रशासन, पुलिस विभाग, सिविल सर्जन कार्यालय और पीसीपीएनडीटी टीम की सराहना करते हुए कहा कि पंजाब सरकार कन्या भ्रूण हत्या और अवैध लिंग जांच जैसी सामाजिक बुराइयों को जड़ से खत्म करने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने दोहराया कि ऐसी गैरकानूनी गतिविधियों में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा और दोषियों के खिलाफ पीसीपीएनडीटी एक्ट समेत अन्य संबंधित कानूनों के तहत कड़ी से कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।



