दुनियाभर में बसे पंजाबियों को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि उनका पूरा सार्वजनिक जीवन पंजाब और पंजाबियों की सेवा के लिए समर्पित रहा है और कोई भी राजनीतिक दुष्प्रचार उनके और संगत के बीच मौजूद विश्वास को कमजोर नहीं कर सकता। मुख्यमंत्री ने कहा कि कथित वायरल वीडियो को लेकर सामने आई दो स्वतंत्र फोरेंसिक रिपोर्टों ने पूरे मामले की सच्चाई उजागर कर दी है। उन्होंने बताया कि जांच के दौरान परखे गए 1,191 फ्रेमों में से एक भी फ्रेम उनके चेहरे, कद-काठी या शारीरिक बनावट से मेल नहीं खाता।
इस मामले को एक सुनियोजित साजिश करार देते हुए भगवंत सिंह मान ने कहा कि कुछ ताकतें पंजाब की प्रगति और लोगों द्वारा मिल रहे अपार समर्थन को पचा नहीं पा रही हैं। उन्होंने कहा कि डीजीपी पंजाब को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि इस फर्जी वीडियो को तैयार करने, इसके लिए वित्तीय सहायता उपलब्ध कराने और इसे वायरल करने में शामिल हर व्यक्ति की पहचान की जाए और उन्हें कानून के दायरे में लाया जाए, चाहे वे दुनिया के किसी भी हिस्से में क्यों न छिपे हों।श्री गुरु ग्रंथ साहिब, संगत और पंजाब के लोगों की सेवा के प्रति अपनी आजीवन प्रतिबद्धता दोहराते हुए मुख्यमंत्री ने पंजाबियों से अपील की कि वे राजनीतिक स्वार्थ के लिए धर्म का सहारा लेने वाली ताकतों के बहकावे में न आएं और ऐसी साजिशों से सतर्क रहें।



